पंजाब के मुख्यमंत्री ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन को तीन गुना बढ़ाया

पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने एक बड़े चुनावी वादे को पूरा करते हुए मंगलवार को 1,500 रुपये प्रति माह की बढ़ी हुई सामाजिक सुरक्षा पेंशन की शुरूआत की, जो शिअद-भाजपा गठबंधन सरकार द्वारा पहले दिए गए 500 रुपये से तीन गुना अधिक है।
पंजाब के मुख्यमंत्री ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन को तीन गुना बढ़ाया

पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने एक बड़े चुनावी वादे को पूरा करते हुए मंगलवार को 1,500 रुपये प्रति माह की बढ़ी हुई सामाजिक सुरक्षा पेंशन की शुरूआत की, जो शिअद-भाजपा गठबंधन सरकार द्वारा पहले दिए गए 500 रुपये से तीन गुना अधिक है। सबसे पहले अमरिंदर सिंह ने दिवंगत मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की 26वीं पुण्यतिथि पर दो मिनट का मौन रखकर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।

इस अवसर पर लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरदार बेअंत सिंह ने शांति के लिए अपना जीवन लगा दिया, जिससे अंतत: राज्य में आर्थिक विकास सुनिश्चित करने के लिए अनुकूल माहौल बना है।

उन्होंने कहा कि घोषणापत्र में किए गए 547 चुनावी वादों में से 422 पहले ही पूरी तरह से लागू हो चुके हैं, 52 आंशिक रूप से, जबकि 59 को अभी भी लागू किया जाना बाकी है। अमरिंदर सिंह ने कहा, "इस प्रकार, हमने 90 प्रतिशत लागू करने योग्य वादों को पूरा किया है जो आंध्र प्रदेश में चंद्रबाबू नायडू की सरकार के बाद किसी भी राज्य में सबसे अधिक है। 14 वादे पूरा करना मुश्किल है क्योंकि ये वैट से संबंधित हैं जिन्हें जीएसटी शासन द्वारा बदल दिया गया है।"

लोगों से किए गए कई वादों के अनुरूप उनकी सरकार द्वारा किए गए अन्य कल्याणकारी उपायों पर विस्तार से बताते हुए अमरिंदर सिंह ने कहा कि शगुन योजना (आशीर्वाद) के तहत राशि को पहले ही बढ़ाकर 51,000 रुपये कर दिया गया है।

इसी तरह किसान कर्ज राहत के तहत छोटे और सीमांत किसानों को 4,700 करोड़ रुपये की राहत, खेत मजदूरों और भूमिहीन किसानों को ऋण राहत के रूप में 520 करोड़ रुपये का वितरण किया गया है।

अमरिंदर सिंह ने कहा, जैसा कि वादा किया गया था, राज्य पहले ही कक्षा 12 के छात्रों को स्मार्टफोन दे चुका है।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि उनकी सरकार ने पहले ही अनुसूचित जाति छात्रवृत्ति को पुनर्जीवित कर दिया है ताकि गरीब और जरूरतमंद छात्रों को उच्च शिक्षा प्राप्त करने में सक्षम बनाया जा सके। इसी तरह, समाज के वंचित वर्गों के लिए ऋण राहत के लिए एससी/बीसी निगम के 50,000 रुपये तक के ऋण को भी माफ कर दिया गया है।

महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में राज्य सरकार ने पंचायतों और शहरी स्थानीय निकायों में उनके लिए 50 प्रतिशत आरक्षण के अलावा नौकरियों में 33 प्रतिशत आरक्षण के साथ-साथ मुफ्त बस यात्रा सुविधा भी सुनिश्चित की है।

उन्होंने कहा कि घर-घर नौकरी पहल के तहत 38 लाख लोगों को मुफ्त चिकित्सा बीमा के अलावा 17 लाख नौकरियों की सुविधा दी गई है।

Keep up with what Is Happening!

Related Stories

No stories found.
Best hindi news platform for youth. हिंदी ख़बरों की सबसे तेज़ वेब्साईट
www.yoyocial.news